नई दिल्ली:- घर की छत, खिड़की या दीवार के आसपास ततैया का छत्ता दिखाई दे तो उसे छेड़ने से बचें। कई जगह बिरनी कहलाने वाली ततैया अपने छत्ते की रक्षा के लिए हमला कर सकती है। इसके डंक से आमतौर पर दर्द, जलन और सूजन होती है, जबकि कुछ लोगों में गंभीर एलर्जी भी हो सकती है।
ततैया का छत्ता कैसे हटाएं?
सबसे पहले बच्चों और पालतू जानवरों को उस जगह से दूर रखें। छत्ता दरवाजे, आने-जाने के रास्ते या घर के अंदर हो तो प्रशिक्षित पेस्ट कंट्रोल कर्मी से उसे हटवाना बेहतर है। ऊंचाई पर या दीवार के भीतर बने छत्तों तक पहुंचना और उनका उपचार करना अधिक मुश्किल होता है।
यदि ततैया दीवार की दरार से अंदर-बाहर जा रही हैं, तो सक्रिय छत्ते का रास्ता तुरंत बंद न करें। इससे वे दूसरा रास्ता खोजते हुए घर के भीतर आ सकती हैं।
ततैया भगाने की कौन-सी दवा इस्तेमाल होती है?
कीट नियंत्रण में ऐसे उत्पाद इस्तेमाल किए जाते हैं, जिनके लेबल पर ततैया या हॉर्नेट के नियंत्रण और संबंधित जगह पर उपयोग का स्पष्ट निर्देश हो। खुले और दीवार के भीतर छिपे छत्तों के लिए एक ही उत्पाद उपयुक्त नहीं होता।
दवा का चुनाव छत्ते की जगह और कीट की पहचान के अनुसार करवाएं। किसी सामान्य मच्छर स्प्रे को हर तरह के ततैया के छत्ते का समाधान मानकर इस्तेमाल न करें। उत्पाद के लेबल और सुरक्षा निर्देशों का पालन जरूरी है।
क्या साबुन, डेटॉल और शैंपू का घोल सुरक्षित उपाय है?
साबुन का घोल कुछ प्रकार की ततैयों को मार सकता है, लेकिन इससे वे सुरक्षित रूप से छत्ता छोड़कर चली जाएंगी—यह दावा भरोसेमंद नहीं है। छत्ते के पास जाकर छिड़काव करने पर डंक लगने का खतरा बना रहता है।
डेटॉल और शैंपू के घरेलू मिश्रण को छत्ता हटाने का प्रमाणित तरीका मानकर प्रयोग न करें। छत्ते की स्थिति देखकर उचित उपचार चुनना अधिक महत्वपूर्ण है।
बिरनी का डंक लगने पर क्या करें?
पहले सुरक्षित जगह जाएं। छत्ते के पास रुककर उपचार करने की कोशिश न करें।
त्वचा को देखें। ततैया आमतौर पर त्वचा में डंक नहीं छोड़ती और दोबारा डंक मार सकती है। इसलिए हर बार त्वचा को खुरचने की जरूरत नहीं होती।
यदि डंक फंसा दिखाई दे, तो नाखून या कार्ड के सपाट किनारे से धीरे-धीरे बगल की ओर हटाएं। उसे दबाएं या चिमटी से खींचने की कोशिश न करें।
जगह को साबुन और पानी से धोएं।
ठंडी सिकाई करें। बर्फ को कपड़े में लपेटकर 15–20 मिनट लगाएं। बर्फ सीधे त्वचा पर न रखें।
खुजली न करें। संभव हो तो प्रभावित हाथ या पैर को थोड़ा ऊंचा रखें। दर्द या खुजली की दवा के लिए डॉक्टर अथवा फार्मासिस्ट की सलाह लें।
इन लक्षणों में तुरंत लें आपातकालीन चिकित्सा
डंक लगने के बाद सांस लेने में परेशानी, जीभ या गले में सूजन, निगलने में दिक्कत, तेज चक्कर या बेहोशी हो तो तुरंत आपातकालीन सहायता लें। ये गंभीर एलर्जी के संकेत हो सकते हैं। पहले से डॉक्टर द्वारा दिया गया एड्रेनालिन ऑटो-इंजेक्टर हो तो उसके निर्देशों के अनुसार इस्तेमाल करें और अस्पताल जाने में देर न करें।
मुंह, गले या आंख के पास डंक लगने, कई डंक लगने, बुखार आने अथवा दर्द-सूजन बढ़ने पर भी जल्द चिकित्सा सलाह लें।
घर के आसपास ततैया का आना कैसे कम करें?
खाने-पीने की चीजें ढककर रखें, मीठे पेय गिरने पर सफाई करें और कूड़ेदान का ढक्कन बंद रखें। खासकर बाहर भोजन करते समय खुले गिलास और बोतल में पीने से पहले देख लें कि उसमें कोई कीट तो नहीं है।
