कोरबा:– कानून की जानकारी केवल विधि के विद्यार्थियों तक सीमित न रहे, बल्कि विश्वविद्यालय के प्रत्येक विद्यार्थी तक पहुंचे—इसी उद्देश्य से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, कोरबा द्वारा विश्वविद्यालय स्तर पर कानूनी जागरूकता की पहल को महत्वपूर्ण कदम के रूप में आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस पहल के माध्यम से विद्यार्थियों को उनके कानूनी अधिकारों, कर्तव्यों और न्याय प्राप्ति के संवैधानिक उपायों की जानकारी देने के साथ-साथ उन्हें समाज में विधिक जागरूकता का वाहक बनाने का प्रयास किया जा रहा है। युवाओं को यह समझाया जा रहा है कि कानून केवल विवाद होने के बाद न्यायालय जाने का माध्यम नहीं, बल्कि अधिकारों की रक्षा और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने का प्रभावी साधन है।
जागरूकता कार्यक्रमों में नि:शुल्क विधिक सहायता, लोक अदालत, महिला एवं बाल अधिकार, साइबर अपराध, उपभोक्ता अधिकार, संविधान में प्रदत्त अधिकार तथा नागरिकों के कानूनी कर्तव्यों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी जा रही है।
युवा बनेंगे कानून के जागरूक प्रहरी
विश्वविद्यालय के विद्यार्थी समाज का शिक्षित और प्रभावशाली वर्ग हैं। ऐसे में उन्हें कानून की बुनियादी जानकारी देकर समाज के अन्य लोगों तक सही कानूनी जानकारी पहुंचाने की दिशा में तैयार करना इस पहल की महत्वपूर्ण विशेषता है। एक जागरूक विद्यार्थी अपने परिवार और समाज में अनेक लोगों को उनके अधिकारों एवं विधिक उपायों के प्रति जागरूक कर सकता है।
न्याय की राह में जागरूकता सबसे बड़ा हथियार
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की यह पहल इस संदेश को मजबूत करती है कि न्याय तभी सार्थक है, जब व्यक्ति को अपने अधिकारों और न्याय पाने के रास्ते की जानकारी हो। कानूनी जागरूकता के माध्यम से विद्यार्थियों में �
