मध्य प्रदेश:- निवेश और औद्योगिक विकास को लेकर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की नीतियों की जमकर तारीफ की. पीथमपुर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत शामिल हुए. शेखावत ने कहा कि जिस तरह से मध्य प्रदेश में उद्योगों को आकर्षित किया जा रहा है, उससे आने वाले समय में प्रदेश देश की औद्योगिक राजधानी बनकर उभरेगा.
पीथमपुर के स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रताप डिजिटल ग्रुप की कंपनी कोर्सिस टेक्नोलॉजी की नई औद्योगिक इकाई का शुभारंभ किया. कार्यक्रम में केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत भी शामिल हुए. मंच से संबोधित करते हुए शेखावत ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार की नीतियों से प्रदेश में उद्योगों के लिए बेहतर माहौल तैयार हुआ है. उन्होंने मुख्यमंत्री मोहन यादव के दूसरे राज्यों के दौरे का जिक्र करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री वहां उद्योगपतियों को ऐसे प्रस्ताव देते हैं कि दूसरे राज्यों की इंडस्ट्री मध्य प्रदेश आने लगी है.
केंद्रीय मंत्री सीएम की तारीफ की
केंद्रीय मंत्री ने जोधपुर के हस्तशिल्प उद्योग का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां 6 से 7 हजार करोड़ रुपये का निर्यात होता है और करीब 2 लाख लोगों को रोजगार मिलता है. मुख्यमंत्री के प्रस्तावों के बाद एक महीने के भीतर वहां के 10 उद्योग मध्य प्रदेश आने के लिए तैयार हो गए. उन्होंने गुजरात के टेक्सटाइल और फार्मा सेक्टर का भी उदाहरण दिया. शेखावत ने कहा कि मध्य प्रदेश में एक तरफ औद्योगिक निवेश बढ़ रहा है, वहीं पर्यटन की संभावनाएं भी तेजी से विकसित हो रही हैं. उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश आने वाले समय में देश की औद्योगिक राजधानी के रूप में पहचान बनाएगा. पीथमपुर में नई औद्योगिक इकाई की शुरुआत के साथ प्रदेश में निवेश और रोजगार की संभावनाओं को नई गति मिलने की उम्मीद है. मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री की मौजूदगी में हुए कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के बढ़ते औद्योगिक प्रभाव की तस्वीर भी सामने आई.
लिथियम-आयन बैटरी प्लांट का उद्घाटन
गुरुवार को धार जिले के पीथमपुर स्मार्ट इंडस्ट्रियल पार्क में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की मौजूदगी में 10,000 करोड़ से ज्यादा के निवेश वाली औद्योगिक गतिविधियों का विस्तार किया गया. इस कार्यक्रम में जर्मन टेक्नोलॉजी पर आधारित दो बड़े प्लांट का उद्घाटन किया गया, जिनमें एक डिजिटल फाइबर फैसिलिटी और देश का तीसरा सबसे बड़ा लिथियम-आयन बैटरी प्लांट शामिल है.
17,000 युवाओं को मिलेगा रोजगार
प्रताप ग्रुप द्वारा स्थापित इन प्लांट में अभी 3,000 से 4,000 लोगों को रोजगार मिल रहा है. भविष्य में विस्तार के बाद यह संख्या बढ़कर 15,000 से 20,000 तक पहुंचने की उम्मीद है. जब पूरा इंडस्ट्रियल पार्क पूरी तरह से चालू हो जाएगा, तो इससे कुल 17,000 युवाओं के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होने का अनुमान है.
