– टू-व्हीलर और फोर व्हीलर फोन चलाने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस (driving license) काफी जरूरी डॉक्यूमेंट है। बिना इसके अगर आप वाहन चलाते हुए पकड़े जाते हैं, तो आपको तगड़ा जुर्माना देना पड़ता है। साथ ही अगर आप पुलिसकर्मी से बहस करते हैं, तो आपका वाहन सीज भी हो सकता है।वाहन चलाने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस देश के साथ-साथ विदेश में भी वाहन चलाने के लिए काफी जरूरी होता है।
भारत से हर साल बहुत बड़ी संख्या में लोग विदेश में नौकरी करने के लिए जाते हैं। वहां पर ऑफिस जाने के लिए लोगों को अपना वाहन ड्राइव भी करना होता है और इसके लिए ड्राइविंग लाइसेंस की भी जरूरत होती है। यहां हम आपको कुछ ऐसे देशों के बारे में बता रहे हैं, जहां भारतीय ड्राइविंग लाइसेंस ही काम आ सकता है।
किन देशों में वैध है भारतीय ड्राइविंग लाइसेंस
भारत में बना स्मार्ट ड्राइविंग लाइसेंस अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, यूनाइटेड किंगडम, न्यूजीलैंड, स्विट्जरलैंड, फ्रांस, दक्षिण अफ्रीका और स्वीडन में वैध है। अगर आप यहां नौकरी, शिक्षा या टूरिस्ट वीजा पर जा रहे हैं, तो इन देशों की सड़कों पर आप वाहन चला सकते हैं।Onion Price Hike : प्याज के भाव ने बना दिया रिकॉर्ड, चेक करें आज का मंडी भावऐसा होना चाहिए ड्राइविंग लाइसेंस (Driving license should be like this)विदेश जाने वाले लोगों को वहां की सड़कों पर ड्राइव करने से पहले इस बात को जान लेना चाहिए कि उनका ड्राइविंग लाइसेंस भारत की क्षेत्रीय भाषा में न होकर अंग्रेजी में बना हुआ होना चाहिए। अगर आपका ड्राइविंग लाइसेंस क्षेत्रीय भाषा में बना है तो ये विदेश में मान्य नहीं होगा।
विदेश में DL के साथ चाहिए ये डॉक्यूमेंटविदेश में भारतीय ड्राइविंग लाइसेंस से वाहन चलाने के लिए आपको अलग-अलग देशों में कुछ अगल-अलग डॉक्यूमेंट की आवश्यकता होगी। जैसे अमेरिका में आपका I 94 फॉर्म वेरिफाई कराना होगा। साथ ही कुछ देशों में आपको परमिट लेना होगा। जिसके बाद ही आप विदेश में भारतीय ड्राइविंग लाइसेंस से वाहन चला सकते हैं।
