नई दिल्ली:– सनातन धर्म में वास्तु शास्त्र को अधिक महत्वपूर्ण माना गया है। वास्तु शास्त्र के मुताबिक, घर के मुख्य द्वार से सकारात्मक और नकारात्मक ऊर्जाओं का आगमन होता है। घर के मुख्य द्वार पर वास्तु दोष होने से मानसिक तनाव, स्वास्थ्य समस्या और वाद-विवाद की समस्या बनी रहती है।
अगर आप भी जीवन में इस तरह की समस्या का सामना कर रहे हैं, तो आपके मुख्य द्वार पर वास्तु दोष हो सकता है, तो ऐसे में आइए इस आर्टिकल में आपको बताते हैं कि घर के मुख्य द्वार के वास्तु दोष को दूर करने के उपाय के बारे में।
- घर के मुख्य द्वार पर वास्तु दोष होने की वजह आसपास कूड़ा, टूटे-फूटे गमले हो सकते हैं। आप ध्यान रखें कि घर के मुख्य द्वार पर टूटे-फूटे गमले, जूते-चप्पल या कबाड़ जमा न होने दें। मुख्य द्वार से इन चीजों को हटाने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का आगमन होगा और उन्नति के मार्ग खुलेंगे।
- घर के मुख्य का वास्तु दोष दूर करने के लिए चौखट पर आम या अशोक के पत्ते का तोरण लगाएं। वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर के मुख्य द्वार पर तोरण लगाने से घर में नकारात्मक ऊर्जा का आगमन नहीं होता है और घर में सुख-शांति बनी रहती है।
- घर के मुख्य द्वार के दोनों तरफ स्वास्तिक बनाना शुभ माना जाता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर के मुख्य द्वार के दोनों तरफ स्वास्तिक बनाने से बुरी नजर से बचाव होता है और घर में नकारात्मक ऊर्जा का आगमन नहीं होता है।
- मुख्य द्वार के आस-पास सफाई का विशेष ध्यान रखें, क्योंकि साफ-सफाई वाली जगह पर धन की देवी मां लक्ष्मी का वास होता है। मुख्य द्वार की सफाई करते समय पानी में थोड़ा सा समुद्री नमक या साबुत नमक मिला लें। इसके अलावा किसी कटोरी में नमक भरकर दरवाजे के कोने रख सकते हैं। इस उपाय को करने से घर में नकारात्मक ऊर्जा प्रवेश नहीं करती है।
- घर के मुख्य द्वार पर रोजाना शाम को घी या सरसों के तेल का दीपक जरूर जलाना चाहिए। ऐसा माना जाता है कि इस उपाय को करने से घर में सुख-समृद्धि और मां लक्ष्मी का वास होता है और परिवार के सदस्यों के बीच सुख-शांति बनी रहती है।
