नई दिल्ली:– भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 2 जुलाई 2026 के लिए देश के कई राज्यों में भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने का हाई अलर्ट जारी किया है। इस दौरान हवाओं की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है, जो जान-माल के लिए बड़ा खतरा साबित हो सकती है। विशेष रूप से तटीय इलाकों और पहाड़ी राज्यों में प्रशासन को पूरी तरह मुस्तैद रहने के निर्देश दिए गए हैं।
महाराष्ट्र ‘रेड अलर्ट’ का साया
मौसम विभाग ने पश्चिमी भारत के दो प्रमुख राज्यों, महाराष्ट्र और गुजरात के कई हिस्सों के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया है। मुंबई शहर, मुंबई उपनगर, पालघर और ठाणे में 15 मिमी प्रति घंटे से अधिक की भारी बारिश होने की संभावना है।
दिल्ली से लेकर यूपी तक कैसा रहेगा मौसम?
देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों (NCR) के लिए मौसम विभाग ने ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है। 2 और 3 जुलाई को दिल्ली में गरज-चमक के साथ तेज सतही हवाएं चलने और मध्यम दर्जे की बारिश के आसार हैं।
वहीं, उत्तर प्रदेश में भी मानसून का रौद्र रूप देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने लखनऊ, वाराणसी, प्रयागराज, अयोध्या और मेरठ समेत कई जिलों के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। यहां भारी बारिश के कारण जलभराव और यातायात प्रभावित होने की आशंका जताई गई है।
पहाड़ी राज्यों में ऑरेंज अलर्ट
उत्तराखंड के देहरादून, नैनीताल, चंपावत और टिहरी गढ़वाल जैसे जिलों में भारी बारिश के कारण भूस्खलन का खतरा मंडरा रहा है, जिसके चलते वहां ऑरेंज अलर्ट लागू है। उधर, जम्मू-कश्मीर के भी कई हिस्सों में ऐसी ही स्थिति बनी हुई है।
मध्य प्रदेश में कैसा रहेगा मौसम?
मध्य प्रदेश में मौसम विभाग ने 5 जुलाई तक भारी बारिश का सिलसिला जारी रहने की चेतावनी दी है। भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर समेत कई जिलों में 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
गुजरात में चलेंगी तूफानी हवाएं
गुजरात के सूरत, वलसाड, नवसारी, भरूच और सौराष्ट्र के अमरेली, भावनगर और जूनागढ़ जैसे जिलों में 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाएं तबाही मचा सकती हैं। यहां रहने वाले लोगों को निचले इलाकों से दूर रहने और बिजली के खंभों से सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
