सरकार ने पैनकार्ड को आधार से लिंक करना अनिवार्य किया था. इसके लिए उन्हें 30 जून 2023 तक का वक्त दिया गया था, ऐसा नहीं करने पर उनका पैनकार्ड 1 जुलाई 2023 से इनऑपरेटिव हो गया है. ऐसे लोग अब ये 12 तरह के ट्रांजेक्शन नहीं कर पाएंगे. इसकी पूरी लिस्ट आप नीचे पढ़ सकते हैं? क्या इसका कोई समाधान भी है…?
पैनकार्ड की जरुरत आम तौर पर टैक्सपेयर्स के निवेश, लोन और अन्य बिजनेस एक्टिविटी की जानकारी इकट्ठा करने और आपस में मैच करने के लिए पड़ती है
इन 12 कामों को करने में आएगी दिक्कतआयकर कानून की धारा-114बी में साफ-साफ बताया गया है कि देश में कौन-कौन से ट्रांजेक्शन यानी वित्तीय लेनदेन के लिए पैन संख्या का देना जरूरी है. ऐसे में पैन कार्ड इनऑपरेटिव होने पर आपको इन 12 ट्रांजेक्शन को करने में दिक्कत आ सकती है…
बैंक खाता खोलने के लिए पैनकार्ड डिटेल देनी होती है, सिर्फ ‘बेसिक सेविंग्स बैंक डिपॉजिट अकाउंट’ खोलने में पैनकार्ड की अनिवार्यता से छूट मिल सकती है.बैंक खाते में नकद 50,000 रुपये या उससे अधिक जमा करने पर पैनकार्ड देना होता है
होटल या रेस्टोरेंट में एक बार में 50,000 रुपये या उससे ज्यादा का नकद भुगतान करने के लिए पैन डिटेल चाहिए होती है.एक बार में 50,000 रुपये से ज्यादा की विदेशी मुद्रा के एक्सचेंज या विदेश यात्रा के नकद भुगतान के लिए पैनकार्ड नंबर देना होगा.म्यूचुअल फंड के लिए 50,000 रुपये से ज्यादा का भुगतान के लिए आपको पैन डिटेल देनी होगी.
किसी कंपनी के डिबेंचर या बांड खरीदने के लिए 50,000 रुपये का भुगतान करने पर पैनकार्ड डिटेल देनी होगी.भारतीय रिजर्व बैंक से 50,000 रुपये या उससे अधिक के बांड खरीदने के भुगतान के लिए पैनकार्ड देना होता है.बैंक से एक दिन में 50,000 रुपये या उससे अधिक का डिमांड ड्राफ्ट, पे-ऑर्डर या बैंकर्स चेक फॉर्म खरीदने के लिए पेमेंट करने पर पैनकार्ड डिटेल देनी होती है.