नई दिल्ली:– यूपी के अभी बारिश होने की संभावना कुछ दिनों बाद है। लेकिन पूर्वी उत्तर प्रदेश में सुबह के समय कोहरा छाए रहने की संभावना है। पूरे देश में वायु गुणवत्ता बहुत खराब रहने की संभावना व्यक्त की गई है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में सुबह के समय अलग-अलग स्थानों पर मध्यम से घना कोहरा छा सकता है।
प्रदेश की राजधानी लखनऊ में वायु प्रदूषण की स्थिति खराब है। शहर के प्रमुख क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) चिंताजनक स्तर पर पहुंच चुका है। स्वच्छ और स्वस्थ वायु के लिए एक्यूआई का स्तर 0-50 के बीच होना चाहिए, लेकिन राजधानी के कई क्षेत्रों में यह 200 से ऊपर है, जो ‘खराब’ और ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है।
गोमती नगर का एक्यूआई 164 है, जिसे ‘मध्यम’ माना गया है। वहीं, लालबाग और तालकटोरा जैसे इलाकों में यह क्रमशः 319 और 304 तक पहुंच गया है, जो ‘बहुत खराब’ श्रेणी में आता है। केंद्रीय विद्यालय क्षेत्र और बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के आसपास का स्तर भी 200 से अधिक है।
खराब श्रेणी में है हवा
केंद्रीय विद्यालय के पास एक्यूआई 269 और विश्वविद्यालय के पास 215 है, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। कुकरैल पिकनिक स्पॉट का एक्यूआई 139 है, जो अपेक्षाकृत बेहतर है, लेकिन इसे भी ‘मध्यम’ श्रेणी में रखा गया है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार, एक्यूआई का स्तर 0-50 के बीच हो तो इसे ‘अच्छा’ माना जाता है। 51-100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101-200 के बीच ‘मध्यम’, 201-300 के बीच ‘खराब’, 301-400 के बीच ‘बहुत खराब’, और 401-500 के बीच ‘खतरनाक’ होता है। लखनऊ के अधिकांश इलाकों में एक्यूआई 200-300 के बीच है, जो गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न कर सकता है।
प्रदूषण के ये हैं कारण
विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ते प्रदूषण का मुख्य कारण वाहनों से निकलने वाला धुआं, निर्माण स्थलों से उड़ने वाली धूल, कचरा जलाने और औद्योगिक गतिविधियां हैं। प्रदूषण के कारण सांस लेने में तकलीफ, अस्थमा, और हृदय रोगों का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में लोगों को सुबह और शाम के समय बाहर निकलने से बचना चाहिए। मास्क का नियमित उपयोग करें और घरों में वायु शोधक उपकरण लगाएं।
प्रशासन करे जागरूक
बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर यूनिवर्सिटी में पर्यावरण विज्ञान के प्रोफेसर नवीन अरोड़ा का कहना है कि प्रशासन को वाहनों की संख्या नियंत्रित करने, निर्माण स्थलों पर धूल प्रबंधन लागू करने जैसे कदम उठाने होंगे। इसके अलावा, हरित क्षेत्र बढ़ाने और प्रदूषण नियंत्रण के लिए जागरूकता अभियान चलाने की भी आवश्यकता है।
आगरा में सुबह छा रहा हल्का कोहरा
शहर में मौसम में आगामी सप्ताह में अधिक बदलाव देखने को नहीं मिलेगा। सुबह के समय हल्का कोहरा रहेगा। दोपहर में धूप निकलेगी। मंगलवार को अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 12.8 डिग्री सेल्सियस रहा। सामान्य तापमान से न्यूनतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस अधिक रहा।
बरेली में आज से बदला मौसम
चार दिन से दोपहर के वक्त गर्म चल रहे मौसम में बुधवार से परिर्वतन शुरू हो जाएगा। मौसम विभाग ने 30 नवंबर तक येलो अलर्ट जारी किया है। पांच दिनों में घना कोहरा छाए रहने का अनुमान जताया जा रहा है, इसी के साथ ठंड बढ़ने के साथ दिन के तापमान में भी गिरावट आएगी।
ठंडी हवाएं करेंगी परेशान
माैसम विज्ञानी अतुल कुमार बताते है कि बरेली के बीते चार दिनों से न्यूनतम तापमान में गिरावट व अधिकतम तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में चक्रवाती स्थितियां बन जाने की वजह से उत्तर-पश्चिमी हो रही है। अब आने वाले दिनों में सर्दी भी बढ़ेगी, इसी के साथ ठंडी हवा भी चलेगी। आगामी दिनों में हवा उत्तर-पूर्वी या दक्षिण-पश्चिमी की ओर चलेगी, जिससे मौसम में परिवर्तन आएगा।
पांच दिन घने कोहरे के संकेत
नवंबर में पश्चिमी विक्षोभ का समय रहता है। इन दिनों विक्षोभ या तो बन नहीं रहे हैं या बेहद कमजोर हैं। इसके विपरीत बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में चक्रवाती स्थितियां बनी हुई हैं। मौसम विभाग ने बदलाव का संकेत दिया है। आगामी पांच दिन घने कोहरे के लिए तैयार रहना पड़ेगा।
