कार्यों में कसावट लाने पंचायत सचिव का हुआ स्थानांतरण
कलेक्टर गौठानो के नोडल अधिकारियों की ली समीक्षा बैठक, योजना गंभीरता पूर्वक क्रियान्वयन के दिए निर्देश
कोरबा/राज्य शासन की महत्वकांक्षी गोधन न्याय नरवा गरवा घुरवा बाड़ी योजना के सक्रिय संचालन के लिए जिला प्रशासन गंभीर है। कलेक्टर संजीव झा जिले के गोठानो में योजनाओं के गंभीरता पूर्वक संचालन करने लगातार अधिकारी कर्मचारियों को निर्देशित कर रहे हैं। इसी तारतम्य में जिला पंचायत सभाकक्ष में गौठानों के नोडल अधिकारियों ग्राम पंचायत सचिवों की समीक्षा बैठक ली।गोधन न्याय योजना की समीक्षा करते हुए योजना में लापरवाही बरतने वाले तथा 3 वर्ष से अधिक समय से एक ही पंचायत में पदस्थ सचिवों के स्थानांतरण करने के निर्देश दिए।भूलसीडीह गोठान में 8 वर्मी टांके खाली होने पर वहां पदस्थ नोडल ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी के एक माह वेतन आहरण पर रोक लगाने गिरिजा साहू,कृषि विस्तार अधिकारी के अगले माह वेतन आहरण पर रोक लगाने से संबंधित आदेश उप संचालक कृषि द्वारा जारी कर दिए गए है। शासकीय योजनाओं कार्यों में लापरवाही बरतने पर सचिवों के ट्रांसफर करने के निर्देश बैठक में दिए। कलेक्टर के निर्देश पर कार्यों में कसावट लाने के उद्देश्य से ग्राम पंचायत केरवा सचिव परमेश्वर सोनी का सेंदुरगढ़ स्थानांतरण कर दिया गया है। साथ ही ग्राम पंचायत केराकछार के सचिव धनसिंह कंवर को केरवा का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।बैठक में गोठानो में गोबर भरे टांको में केंचुआ की उपलब्धता,गोबर खरीदी,पंजीकृत विक्रेता सक्रिय विक्रेता की जानकारी ली।खरीदे गए गोबर से वर्मी कंपोस्ट निर्माण गौठान मे व्यवस्थाओ की जानकारी ग्राम वार गोठान की समीक्षा करते हुए पर्याप्त मात्रा में वर्मी कंपोस्ट निर्माण नहीं होने गहरी नाराजगी जताई।नकिया गोठान के नोडल श्रवण कुमार को एक टांका में 1 किलो केंचुआ डालने की जानकारी दिये जाने पर गहरी नाराजगी जताई। नोडल द्वारा गोधन न्याय योजना में रुचि नहीं लेने कारण बताओ नोटिस जारी कर नोडल से हटाने कार्यो में लापरवाही बरतने वाले सचिवों गोठान नोडल को भी कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ नूतन कंवर,उप संचालक कृषि अनिल शुक्ला,कोरबा जनपद पंचायत सीईओ रुचि शार्दुल सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।

गौठानो में तय मापदंडों के अनुसार समय सीमा पर हो खाद का निर्माण– कलेक्टर ने गोठानो में योजना सुचारू संचालन करने के निर्देश देते हुए कहा कि गोबर खरीदी और वर्मी कंपोस्ट निर्माण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।खरीदे गए गोबर से सही अनुपात में वर्मी कंपोस्ट निर्माण की जाए। खरीदे गए गोबर के 40 प्रतिशत गोबर का वर्मी कंपोस्ट में अनिवार्य रूप से रूपांतरण साथ ही 60 दिन के भीतर वर्मी कंपोस्ट निर्माण रूपांतरण हो,यह सुनिश्चित करे। गोठान में वर्मी टांका खाली नहीं रहना चाहिए।गौठान में वर्मी खाद निर्माण के लिए स्व सहायता समूह के सदस्यों की बैठक लेकर खाद निर्माण के लिए उन्हें प्रेरित करने आवर्ती चराई अंतर्गत कार्य प्रगति को लेकर निर्देश दिए। उपस्थित अधिकारी व गोधन न्याय योजना के कार्यों में संलग्न कर्मचारियों को जरूरी मापदंडों का पालन करते हुए समय सीमा भीतर खाद निर्माण,सैंपलिंग आवश्यक कार्य संपादित करने गोबर खरीदी के लिए पंजीकृत विक्रेताओं को सक्रिय रखा समय- सीमा पर खाद निर्माण किया जाए। गांव के ही प्रचलित चरवाहों को कार्य पर नियोजित किया जाए उनका गोबर विक्रेता के रूप में पंजीयन कराया जाए। जिससे उनके लिए अतिरिक्त आय का साधन बने।