लखनऊ| 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले उत्तर प्रदेश सरकार आज विधानसभा के बजट सत्र के अंतर्गत आज तीसरे दिन अपना बजट पेश करेंगे| बजट से पहले आज योगी मंत्रिमंडल की बैठक होगी| इसमें बजट प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की जाएगी| बजट प्रस्ताव के अलावा कुछ अन्य महत्वपूर्ण विकास से जुड़े प्रस्ताव हुई| कैबिनेट की तरफ से मंजूरी दी जा सकती है| सदन के पटल पर योगी सरकार के वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना वित्तीय वर्ष 2023-24 का बजट पेश करेंगे|
वित्तीय जानकारों के अनुसार यह बजट करीब 6-45 लाख करोड रुपए से लेकर 7 लाख करोड़ रुपये के आकार वाला हो सकता है|योगी सरकार शुरू कर सकती है महत्वपूर्ण योजनाएंइसमें युवा किसान महिलाओं बुनियादी विकास ढांचागत विकास शिक्षा रोजगार स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर फोकस करने वाला बजट होगा| 2024 के चुनाव से पहले उत्तर प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश में निवेश प्रस्तावों को धरातल तक ले जाने को लेकर भी कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू कर सकती है| इसके साथ ही पर्यटन और राष्ट्रवाद को धरातल तक ले जाने के भी कई प्रावधान बजट में सामने आ सकते हैं|
बजट में अयोध्या मथुरा काशी मुजफ्फरनगर नैमिषारण्य में भी धार्मिक पर्यटन से जुड़ी कई योजनाएं शुरू करने के प्रावधान हो सकते हैं|प्रदेश की बेटियों के लिए आ सकते हैं नए प्रावधानविभाग से जुड़े अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार बजट का आकार करीब 7 लाख करोड़ रुपये के करीब संभावित है| बजट के माध्यम से किसान युवा महिलाएं इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े बड़े प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने मदद मिल सकती है| प्रदेश की बेटियों की निजी स्कूलों में शिक्षा को लेकर भी कुछ नए प्रावधान हो सकते हैं|सरकार ने दो बहनों के निजी स्कूलों में पढ़ने पर एक की फीस की छूट देने का फैसला किया है|
ऐसे में इस बजट में इसका भी प्रावधान हो सकता है| इसके अलावा प्रत्येक मंडल में स्टेट यूनिवर्सिटी को लेकर सरकार इस बजट में प्रावधान कर सकती है| इसके साथ ही प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में स्मार्ट क्लासेस को बढ़ावा देने को लेकर भी सरकार इस बजट में मिट्टी प्रावधान कर सकती है|एक्सप्रेसवे निर्माण के भी प्रावधान हो सकते हैं शामिलइसके अलावा एक्सप्रेसवे निर्माण को आगे बढ़ाने के लिए भी बड़े वित्तीय प्रावधान किए जा सकते हैं|
इसके अलावा पुलिस आधुनिकीकरण पुलिस सुधार नई सड़क नए पुल ओवर ब्रिज फ्लावर किसानों के लिए नई योजनाएं सिंचाई सुविधाओं को बढ़ावा देने कृषक उत्पादक संगठनों को सब्सिडी देने जैसी तमाम नए वित्तीय प्रावधान बजट में देखे जा सकते हैं| इसके अलावा बुंदेलखंड पूर्वांचल जैसे पिछड़े क्षेत्रों में इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर करने सड़क निर्माण को आगे बढ़ाने को लेकर भी बजट में प्रावधान हो सकते हैं|