इंदौर. इंदौर की विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-1 से बीजेपी का टिकट मिलने के बाद राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय बाइक और स्कूटर पर सवार होकर प्रचार-प्रसार कर रहे हैं. जबकि, उनका प्लान रोज 8 सभाएं करने का था. इन सभाओं में 5 हेलीकॉप्टर से और 3 सभाएं कार से करने का था. उनका ये प्लान अब धारशाायी हो गया है. बाइक पर घूमते वक्त उनका उनका गार्ड भी पीछे बैठा दिखाई देता है. इससे लोग आश्चर्य में पड़ रहे हैं. हालांकि, विजयवर्गीय अपने चुनाव न लड़ने की पीड़ा सार्वजनिक रूप से बयां कर चुके हैं.
अभी हाल ही में उन्होंने खुले मंच से कहा था कि मुझे टिकट जरूर मिल गया, लेकिन मैं खुश नहीं हूं. मेरी चुनाव लड़ने की एक पर्सेंट भी इच्छा नहीं है. अब अपन तो बड़े नेता हो गए हैं. अब हाथ जोड़ने कहां जाएं. भाषण दो और निकल जाओ. हमने चुनाव को लेकर यही प्लान बनाया था कि हर दिन 8 सभाएं करनी हैं, पांच हेलीकॉप्टर से और तीन कार से. इस तरह से इस पूरे चुनाव में हर दिन 8 सभाएं करनी हैं. इसका प्लान भी बन गया था. पर आप जो सोचते हैं वो होता कहां है. होता वही है जो भगवान की इच्छा होती है. कैलाश विजयवर्गीय का ये प्लान उनकी पार्टी ने ही धराशाई कर दिया है और वे हेलीकॉप्टर-कार के बजाय दो पहिया पर आ गए हैं.आपके शहर से (इंदौर)MP: हेलीकॉप्टर से रोज 5, कार से 3 सभाएं करना चाहते थे कैलाश विजयवर्गीय, पार्टी ने बिगाड़ दिया प्लान
कांग्रेस ले रही चुटकीइस पर कांग्रेस भी चुटकी ले रही है. उनके खिलाफ कांग्रेस के टिकट पर चुनाव की तैयारी कर रहे विधायक संजय शुक्ला का कहना है कि कैलाश विजयवर्गीय हेलीकॉप्टर और कारों पर सवारी की बात कर रहे थे. लेकिन अब उनका इस तरह बाइक पर चलना शोभा नहीं दे रहा है. वे देश के बड़े नेता हैं. उन्हें पार्टी ने दो पहिया पर ला दिया है. हम आपको बता दें की कैलाश विजयवर्गीय को जेड प्लस सुरक्षा मिली हुई है. इसलिए बड़ी संख्या में गार्ड उनकी सुरक्षा में तैनात रहते हैं. वे उनके आसपास चलते हैं. कैलाश विजयवर्गीय जब दो पहिया वाहन पर बैठ जाते हैं, तो सुरक्षा गार्ड्स को कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है. उन्हें भी दो पहिया वाहनों पर सवार होना पड़ता है, क्योंकि ये उनकी सुरक्षा का भी सवाल होता है.
