नई दिल्ली:– आज के समय में काला धागा पहनना सिर्फ एक फैशन स्टेटमेंट नहीं, बल्कि ज्योतिषीय मान्यताओं, नजर दोष से सुरक्षा और स्वास्थ्य लाभ से जुड़ा एक लोकप्रिय ट्रेंड बन गया है। इसे अक्सर शनि देव की कृपा पाने, राहु-केतु के दुष्प्रभाव को कम करने और बुरी नजर से बचने के लिए गले, कलाई या पैर में पहनते है।
लेकिन ज्योतिष के अनुसार यह हर व्यक्ति के लिए समान रूप से लाभकारी नहीं है। इसे काला कलावा भी कहा जाता है, जिसका शुभ और अशुभ प्रभाव पूरी तरह राशि और उसके ग्रह स्वामी पर निर्भर करता है।
काला धागा क्यों माना जाता है खास?
धार्मिक एवं लोक मान्यताओं के अनुसार, काला धागा नकारात्मक ऊर्जा और बुरी नजर से रक्षा करता है। ज्योतिष में इसे शनि ग्रह से जुड़ा माना गया है, जो अनुशासन, मेहनत और स्थिरता का प्रतीक है। इसलिए कुछ राशियों के लिए यह जीवन में संतुलन और सुरक्षा देने वाला माना जाता है।
किन राशियों के लिए काला धागा पहनना शुभ?
मकर और कुंभ राशि
ज्योतिष के अनुसार, मकर और कुंभ राशि के जातकों के लिए काला धागा बेहद शुभ माना जाता है। माना जाता है कि यह आत्मविश्वास बढ़ाने और जीवन में स्थिरता लाने में मदद करता है। बताया जाता है कि, इससे शनि की कृपा बरसती है।
मिथुन और कन्या
काला धागा पहनना मिथुन और कन्या राशि वालों के लिए शुभ होता है। बुध ग्रह के प्रभाव में रहने वाले, जो संवाद की समस्याओं या लगातार गलतफहमियों का सामना कर रहे हैं, उन्हें काला धागा पहनना चाहिए। इसलिए मिथुन और कन्या के लिए काला धागा मानसिक संतुलन और नकारात्मक ऊर्जा कम करने में सहायक होता है।
तुला राशि
तुला राशि के लिए काला धागा जीवन में असंतुलन और नकारात्मक प्रभाव को कम करने में मददगार है। इससे मानसिक शांति और आत्मबल बढ़ता है।
कब और कैसे पहनें?
ज्योतिषयों की मानें तो, काला धागा हमेशा शनिवार के दिन ही पहनने चाहिए। कहा जाता है कि, पहनने से पहले शनि देव के चरणों में रखकर उनका आशीर्वाद जरूर लें। धागा पहनते समय ‘ॐ तत्पुरुषाय विद्महे महादेवाय धीमहि तन्नो रुद्रः प्रचोदयात्’ मंत्र का जाप करें। मान्यता है कि अमावस्या के बाद के कुछ विशेष दिनों में या किसी शिव मंदिर में पूजा के बाद पहना काला धागा ज्यादा असरदार होता है।
वहीं, अगर आप मंदिर से मिला काला धागा घर ले आते हैं और यह आपकी राशि के लिए यह अनुकूल नहीं है, तो इसे पहनने की बजाय बहते पानी में प्रवाहित कर दें। चाहें तो इसे उस व्यक्ति को दे दें, जिसकी राशि के लिए यह शुभ हो।
वहीं, अगर आप मंदिर से मिला काला धागा घर ले आते हैं और यह आपकी राशि के लिए यह अनुकूल नहीं है, तो इसे पहनने की बजाय बहते पानी में प्रवाहित कर दें। चाहें तो इसे उस व्यक्ति को दे दें, जिसकी राशि के लिए यह शुभ हो।
