पुलिस अधीक्षक चंद्रमोहन सिंह द्वारा तम्बाकू के उपयोग एवं विक्रय के नियंत्रण तथा कोटपा एक्ट के प्रावधानों की जानकारी हेतु जिले के विवेचकों के लिये दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन करने हेतु निर्देश के परिपालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रतिभा पांडेय के नेतृत्व में पुलिस अधीक्षक कार्यालय संवाद सभाकक्ष में शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के संभागीय समन्वयक संजय नामदेव एवं जिला अस्पताल मुंगेली के साईकोलॉजिस्ट ओम प्रकाश द्वारा सिगरेट एवं अन्य तम्बाकू उत्पाद तथा कोटपा एक्ट अधिनियम 2003 की महत्वपूर्ण धाराओं की जानकारी दी गई। जिसमें कोटपा अधिनियम की धारा 4 के तहत सार्वजनकि स्थानों में धूम्रपान पर प्रतिबंध एवं उसके उल्लंधन पर कार्यवाही,धारा 5 के तहत सिगरेट एवं अन्य तम्बाकू उत्पादों के विज्ञापन पर प्रतिबंध तथा उल्लंघन पर कार्यवाही,धारा 6 के तहत नाबालिकों एव शैक्षणिक संस्थानाओं के आसपास सिगरेट या अन्य तम्बाकू उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध तथा उल्लंघन पर कार्यवाही,धारा 7,8 एवं 10 के तहत बिना विशिष्ट स्वास्थ्य चेतावनियों के सिगरेट एवं अन्य तम्बाकू उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध तथा उत्पादों पर 85 प्रतिशत भाग पर चित्रात्मक चेतावनी की अनिवार्यता तथा उल्लंघन पर दण्ड के प्रावधानों को बताया गया, साथ ही ई-सिगरेट अधिनियम 2019 के संबंध में जानकारी दी किस तरह से काम करता है,उसके नुकसान,संस्थानों जहां ई-सिगरेट उपलब्ध होते हैं की जानकारी देते हुए बताया कि ई सिगरेट छत्तसीगढ़ राज्य में बैन है जिसका क्रय-विक्रय छत्तीसगढ में नहीं किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त हुक्काबार बैन के लिये राज्य द्वारा संशोधित कोटपा अधिनियम 2021 के प्रावधानों,एवं टोबेको मॉनिटरिंग एप के उपयोग के संबंध में भी जानकारी दी। इसके साथ ही थाना-चौकी क्षेत्र को नशामुक्त बनाने के लिये कोटपा अधिनियम एवं उसके नुकसान के संबंध में निर्देश चस्पा करने हेतु पोस्टर का विरतण किया गयाा
इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रतिभा पाण्डेय,उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय साधना सिंह,निरीक्षक केसर पराग,प्रमोद डनसेना,उनि राजकुमार साहू,अमित कौशिक, विरेन्द्र क्षत्रिय, सउनि विजय सिंह राजपूत,सुशील बंछोर एवं अन्य थाना प्रभारी तथा विवेचकगण सम्मिलित हुए।