छत्तीसगढ़:- आज बहुत तेजी से उभरता हुआ राज्य है. यह जलविद्युत भंडारण और प्राकृतिक संसाधनों के चलते देश में सबसे संपन्न राज्यों में से एक हो गया है. इतना ही नहीं यहां पर सबसे ज्यादा औद्योगिक क्षेत्रों वाला राज्य बन गया है. क्या आप जानते हैं छत्तीसगढ़ में सबसे ज्यादा फैक्ट्रियां कहां पर मौजूद है. अगर नहीं पता तो आइए आज हम आपको विस्तार से बताते हैं. इसके अलावा, प्रदेश के टॉप पांच औद्योगिक क्षेत्रों के बारे में भी बताते हैं.
छत्तीसगढ़ में कई ऐसे शहर हैं, जहां पर काफी बड़ी संख्या में फैक्ट्रियां लगी हुई हैं. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो प्रदेश के अंदर लगभग 9 हजार से ज्यादा कारखाने यानी फैक्ट्रियां मौजूद हैं. आइए जानते हैं कि कहां पर सबसे ज्यादा फैक्ट्रियां लगी हुई हैं.
बात करें छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर की, इसे छत्तीसगढ़ का औद्योगिक दिल कहा जाता है. यहां पर एक से बढ़कर एक बड़ी फैक्ट्रियां मौजूद हैं. बताया जाता है कि यहां पर सबसे ज्यादा सीमेंट, स्टील और छोटे-छोटे उद्योग लगे हुए हैं. रायपुर के उर्ला और सिलतरा सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्र माने जाते हैं.
वहीं दुर्ग-भिलाई भी छत्तीसगढ़ के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्रों में सबसे ऊपर नाम आता है. इसकी सबसे बड़ी वजह है यह है कि यहां पर ऐशिया का सबसे बड़ा स्टील प्लांट लगा हुआ है. इसलिए इसे इस्पात शहर के नाम से भी जाना जाता है. बोराई यहां का सबसे बड़ा औद्योगिक इलाका माना जाता है. यहां पर स्टील समेत अन्य सेक्टर की बड़ी-बड़ी प्रमुख फैक्ट्रियां मौजूद हैं.
इसके अलावा, कोरबा जिला छत्तीसगढ़ का ‘पावर हब’ कहा जाता है. यहां पर कई बड़ी-बड़ी फैक्ट्रियां और कई कोयला खदानें मौजूद हैं. बताया जाता है कि यहां पर एनटीपीसी, बालको हिंडाल्को, लान्को और एसीबी इंडिया जैसी बड़ी-बड़ी फैक्ट्रियां बनी हुई हैं.
वहीं छत्तीसगढ़ का रायगढ़ एल्युमीनियम उत्पादन के लिए देशभर में काफी मशहूर है. यहां पर देश का सबसे बड़ा एल्युमीनियम संयंत्र प्लांट भी मौजूद है. इसके अलावा, यह सीमेंट उद्योग में लगातार आगे बढ़ रहा है. यहां पर कई बड़ी-बड़ी फैक्ट्रियां मौजूद हैं.
बिलासपुर भी छत्तीसगढ़ में औद्योगिक विकास में अपनी अहम भूमिका निभा रहा है. यहां पर विनिर्माण, सीमेंट, कृषि आधारित उद्योग और कई छोटे-मध्यम स्तर की फैक्ट्रियां मौजूद हैं. रायपुर और भिलाई के पास होने का फायदा भी इसे मिलता है. यही वजह है कि बिलासपुर छत्तीसगढ़ की औद्योगिक अर्थव्यवस्था का मजबूत हिस्सा बन चुका है.
